डरावना डेंगू – टूटा 18 सालों का रिकॉर्ड 11700 लोग जद में, अब तक 25 की मौत

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सरकार बदलने के साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं के हालात बद से बदतर होते जा रहे हैं। चिकित्सा विभाग के अधिकारियों की ठीक तरह से मॉनिटरिंग नहीं होने और लापरवाही के चलते डेंगू बेकाबू हो गया है। हालात ऐसे हो गए हैं कि घर-घर में डेंगू ने पैर पसार लिए हैं। इसके बावजूद अधिकारी फील्ड में जाने की बजाय अॉफिस में बैठकर ही नियंत्रण के दावे कर रहे हैं।
बेकाबू डेंगू ने पिछले 18 सालों का रिकार्ड तोड़ दिया है। अब तक जयपुर, जोधपुर, अजमेर, बीकानेर, कोटा, अलवर, धौलपुर समेत 15 से ज्यादा जिलों में थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब तक एडीज एजिप्टाई मच्छर की जद में 11 हजार 700 लोग अा चुके हैं। नवंबर में प्रदेश में 15 दिन में ही 7 हजार से ज्यादा केसेज मिले हैं। अकेले जयपुर में ही 2700 पॉजिटिव मिल चुके हैं। हैरानी की बात तो ये है कि 25 लोगों की जान जा चुकी है लेकिन अधिकारी संख्या को छिपाने में लगे हुए हैं।  स्वाइन फ्लू के साथ-साथ राजस्थान देश भर में जीका वायरस, स्क्रब टाइफस जैसी बीमारियों में पहले से अव्वल है।

एक ही परिवार के चार लोग डेंगू की चपेट में 
विद्याधर नगर निवासी मां-बेटी, मानसरोवर में पति-पत्नी व सांगानेर के एक ही परिवार के चार जनों को डेंगू मच्छर ने चपेट में लिया। इसी तरह से पांच्यावाला के एक ही परिवार के दो भाई अौर एक बहिन को जांच में डेंगू पॉजिटिव पाया गया है। इसी तरह से वैशाली नगर, हरमाड़ा अौर राजापार्क में एेसे मामले सामने अाए है। एसएमएस, जेके लोन अस्पताल में रिपोर्ट में सामने अाया है।

पिता-पुत्र डेंगू का शिकार, पुत्र जयपुर रैफर 
डीग के नजदीकी गांव सोनगांव में पिता-पुत्र की जांच में डेंगू पॉजिटिव से हडकंप मच गया है। आनन-फानन में पुत्र को जयपुर रैफर कर दिया गया। वही पिता का भरतपुर में इलाज जारी है। सोनगांव निवासी 38 वर्षीय हरीचंद पुत्र धर्मसिंह लोधा राजपूत और उसके बेटे समीर को बुखार की शिकायत होने पर कुम्हेर अस्पताल में दिखाया। फायदा नहीं होने पर भरतपुर में उपचार चल रहा है।

^सर्वे के दौरान 4 लाख बुखार के रोगी मिले हैं। अगस्त से लेकर अब तक टीम ने 6 लाख 10 हजार से अधिक क्षेत्रों, मोहल्लों का दौरा कर एक करोड़ 36 लाख घरों की जांच की है। करीबन 4 लाख कंटेनरों में लार्वा को मौके पर नष्ट करवाया है। प्रभावित क्षेत्रों में अधिकारियों को एंटीलार्वा गतिविधि के साथ निशुल्क दवा अौर जांच के निर्देश दिए हैं।

डॉ.रघु शर्मा, चिकित्सा मंत्री