गुस्साए घरवालों ने किया हंगामा, शवगृह में चूहे खा गए पूर्व कर्नल की पत्नी के होंठ और कान

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पंजाब के मोहाली के डेराबस्सी स्थित इंडस इंटरनेशनल अस्पताल में हार्ट सर्जरी के लिए दाखिल हुई 51 साल की जसजोत कौर की ऑप्रेशन से पहले ही मौत हो गई.

मोहाली. पंजाब के मोहाली के डेराबस्सी स्थित इंडस इंटरनेशनल अस्पताल में हार्ट सर्जरी के लिए दाखिल हुई 51 साल की जसजोत कौर की ऑप्रेशन से पहले ही मौत हो गई. शव को अस्पताल की मॉर्चरी में रखवा दिया गया. घरवाले अस्पताल प्रबंधन पर सही इलाज न करने का आरोप लगा रहे थे. शुक्रवार को घरवाले जब शव लेने आए तो देखा कि मृतक महिला के होंठ और कान चूहों ने काट खाए थे, जिससे शव भी लहूलुहान हो गया. गुस्साए घरवालों ने अस्पताल में खूब हंगामा किया. परिवारवालों ने लापरवाही के लिए न केवल अस्पताल मैनेजमेंट को दोषी ठहराया, बल्कि उन पर डेड बॉडी से छेड़छाड़ करने का भी आरोप लगाया.

शव के साथ हुए इस तरह की घटना की जानकारी घरवालों ने पुलिस को दी. मामले की सूचना मिलने के बाद तहसीलदार की मौजूदगी में डेडबॉडी को डेराबस्सी सिविल अस्पताल में शिफ्ट कर तीन डॉक्टर्स का पैनल बनाकर पोस्टमार्टम किया गया. इसके बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए पंचकूला ले जाया गया.

हार्ट सर्जरी के लिए कराया गया था अस्पताल में भर्ती

पंचकूला के सेक्टर-26 के रहने वाले रिटायर्ड कर्नल अमरजीत सिंह ने बताया कि पत्नी जसजोत कौर को हार्ट सर्जरी के लिए 29 जुलाई की शाम को इंडस इंटरनेशनल अस्पताल में भर्ती करवाया. यहां पर डॉक्टर बंसल महिला का ऑपरेशन करने वाले थे, लेकिन गुरुवार सुबह 7 बजकर 40 मिनट पर बताया कि जसजोत कौर की मौत हो गई है. अमरजीत के अनुसार पत्नी की हालत ऐसी नहीं थी कि वे एकाएक दम तोड़ जाए. इलाज में किसी चूक की वजह से मौत हुई है. अमरजीत ने कहा कि जब शव मॉर्चरी में रखवाया गया तो ठीक था.

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शुक्रवार दोपहर करीब 1:30 बजे जब डेडबॉडी उनके हवाले करने लगे तो उन्होंने देखा कि खून रिस रहा था. कपड़ा हटाकर देखा तो जसजोत का दायां कान और होंठ कटा हुआ था. वे चेहरा देखकर डर गए और एकदम सदमे में आ गए.

मॉर्चरी में शव रखने के लिए दिए 3500 रुपये

वहीं, इस मामले में अस्पताल प्रबंधकों का कहना है कि देखने से ऐसा लगता है मानो चूहों के काट खाने से बॉडी डैमेज हुई हो. अमरजीत ने कहा कि उन्होंने शव मॉर्चरी में रखवाने के लिए 3500 रु. फीस भी दी थी. बॉडी को फ्रीजर में सही टेंपरेचर में नहीं रखा गया, जिससे चूहों ने बॉडी की ये हालत कर दी. हंगामे के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और इसके बाद स्थानीय तहसीलदार नवप्रीत सिंह गिल को भी बुलाया गया. नवप्रीत गिल ने अस्पताल प्रबंधकों से पूछताछ की तो मेडिकल डायरेक्टर सुरिंदर बेदी ने बताया कि मॉर्चरी में चूहे हो सकते हैं. उन्हीं के काट खाने से बॉडी डैमेज हुई लगती है. डॉक्टर बेदी ने कहा कि वे भी इस घटना की अपनी तरफ से जांच कराएंगे.