कोरोना: Flipkart ने शुरू की जरूरी सामान की सप्लाई, घर—घर सामान पहुंचाएगा ​बिग बाजार

0
340

कोरोना की वजह से देश में जारी लॉकडाउन की वजह से फ्लिपकार्ट ने बुधवार को अपनी सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी थीं, लेकिन जरूरी सामान की सप्लाई के लिए उसकी सेवाएं फिर शुरू हो गई हैं. दूसरी तरफ, एमेजॉन का कहना है कि वह अभी सरकार से बातचीत कर रही है. ग्रॉसरी के बड़े स्टोर बिग बाजार ने इस माहौल में घर—घर सामान पहुंचाने की सेवा पर फोकस किया है.

गौरतलब है कि कोरोना की वजह से देशभर में 21 दिन के लॉकडाउन की पीएम मोदी की घोषणा के बाद ई—कॉमर्स कंपनी फ्लिपकार्ट (Flipkart) ने बुधवार को को अपनी सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी थीं और Amazon की सेवा भी जरूरी सामान तक सीमित हो गई.

Flipkart ने ग्रॉसरी और अन्य जरूरी सामान की आपूर्ति की सेवा को फिर से शुरू कर दिया है. प्रशासन से यह आश्वासन मिलने पर उसने सेवाएं शुरू की हैं कि उसके डिलिवरी ब्वॉयज को परेशान नहीं किया जाएगा और उन्हें सामान की डिलिवरी के लिए पास दिया जाएगा.

एमेजॉन ने क्या कहा

दूसरी तरफ की प्रमुख प्रतिद्वंद्वी कंपनी Amazon ने कहा कि जरूरी सामान की आपूर्ति सेवा शुरू करने के लिए वह भी प्रशासन से बातचीत में लगी है. ई—कॉमर्स कंपनी एमेजॉन (Amazon) ने भी बुधवार को अपनी सेवाओं को आंशिक रूप से बंद करते हुए सिर्फ हाई प्रायरिटी वाली वस्तुओं की आपूर्ति की बात कही थी.

​बिग बाजार का होम डिलिवरी पर जोर

देश के प्रमुख ऑफलाइन ग्रॉसरी स्टोर बिग बाजार ने कोरोना के इस माहौल में अपने सामान की ग्राहकों को होम डिलिवरी पर जोर दिया है. बिग बाजार ने इसके लिए हर शहर के अपने सभी स्टोर के लिए एक फोन नंबर जारी किया है, जहां फोन करके ग्राहक अपना ऑर्डर घर तक मंगा सकते हैं.

READ More...  शहीद हेड कांस्टेबल रतनलाल की राजकीय सम्मान से हुई अंत्येष्टि

big-bazar_032620113214.jpg

कोरोना के बढ़ते केस को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 21 दिन के लॉकडाउन का ऐलान किया है. यह लॉकडाउन मंगलवार—बुधवार रात से लागू हो गया है और 14 अप्रैल तक चलेगा. दफ्तर, बाजार, सार्वजनिक परिवहन सबकुछ बंद है. प्रधानमंत्री ने साफ-साफ कहा है कि इन 21 दिनों तक इस देश में कोई भी अपने घर से बाहर कदम नहीं रखेगा. केवल जीवनरक्षक सेवाएं ही इस दौरान जारी रहेंगी.

देशभर में लॉकडाउन की वजह से एमेजॉन, फ्लिपकार्ट, स्नैपडील, बिग बास्केट और ग्रॉफर्स जैसी ई—कॉमर्स कंपनियों को अपना कामकाज चलाने में मुश्किल आ रही थी. इन कंपनियों का कहना था कि वे सिर्फ जरूरी सेवाओं की आपूर्ति कर रही हैं, लेकिन इनके डिलिवरी पर्सन्स को पुलिस के लोग रोक रहे हैं. इसकी वजह से इनका कारोबार ठप पड़ गया है.