गहलोत ने बदली रणनीति, राजस्थान में राष्ट्रपति शासन की सिफारिश न कर दें राज्यपाल

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कांग्रेस ने जिस राजस्थान के राजभवन को लेकर देश के सभी राजभवनों पर घेराव कर जमकर हंगामा किया, उसी जयपुर में राजभवन से करीब 20 किलोमीटर दूर होटल में बैठकर मजबूरन गांधीगीरी करनी पड़ी। जबकि महासचिव संगठन केसी वेणुगोपाल ने जयपुर में भी राजभवन के घेराव की घोषणा की थी। दरअसल, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के कहने पर ही अंतिम समय में रणनीति में बदलाव किया गया।

गहलोत को लगा कि अगर कांग्रेस के नेता राजभवन घेराव के दौरान अत्यधिक उत्तेजित हो गए और कानून व्यवस्था बिगड़ी तो संभालने का जिम्मा भी सरकार का होगा। वहीं, राज्यपाल इसी आधार पर राष्ट्रपति शासन की सिफारिश कर सकते हैं। राज्यपाल पहले भी राजभवन की सुरक्षा को लेकर गहलोत से सवाल पूछ चुके हैं।
अशोक गहलोत ने इसके लिए लड़ाई को सांविधानिक तरीके से ही आगे बढ़ाने का फैसला किया, जिस पर शीर्ष नेतृत्व ने भी हामी भरी और गहलोत ने अपने विधायकों से साथ होटल में ही बैठकर रघुपति राघव राजाराम का गाकर गांधीगीरी की। वहीं, अशोक गहलोत ने सरकार की ओर राज्यपाल के सत्र न बुलाने पर राष्ट्रपति को पत्र भेजा है। गहलोत समर्थक विधायक इसके लिए भी तैयार थे कि अगर उन्हें राष्ट्रपति भवन भी जाना होगा तो तैयार हैं।

राज्यपाल के व्यवहार से स्तब्ध, उम्मीद है राष्ट्रपति देंगे दखल: चिदंबरम
राज्यपाल ने संसदीय लोकतंत्र को कमजोर किया। कोई मुख्यमंत्री बहुमत साबित करना चाहता है तो राज्यपाल को जल्द से जल्द विधानसभा सत्र बुलाना होता है। राजस्थान के राज्यपाल के व्यवहार से हम दुखी और स्तब्ध हैं। इसलिए हमने देशभर में राजभवनों पर प्रदर्शन किया ताकि मामले की गंभीरता पता चल सके और संविधान के उल्लंघन की तरफ लोगों का ध्यान जाए। उम्मीद है कि राष्ट्रपति इस मामले में दखल देंगे और राज्यपाल को विधानसभा सत्र बुलाने का निर्देश देंगे। – पी चिदंबरम, नेता कांग्रेस

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48 घंटे में तीन विधायकों को लौटाने का दावा
कांग्रेस की ओर से जयपुर के होटल में चल रही सभा में वरिष्ठ नेता रणदीप सुरजेवाला ने विधायकों के साथ बात करने के दौरान कहा कि मानेसर में ठहरे 19 बागी विधायकों में से तीन विधायक 48 घंटे से वापस आ जाएंगे।

राजस्थान में गवर्नर का संविधान: कांग्रेस
राजस्थान में गवर्नर का संविधान, 21 दिन की पूर्व सूचना पर ही सत्र बुलाने की अनुमति। मध्यप्रदेश में गवर्नर का संविधान, रात 1 बजे चिट्ठी लिखकर सुबह 10 बजे सत्र बुलाने के निर्देश। सरकार गिराने के बाद ही लॉकडाउन की घोषणा… सत्य बनाम सत्ता।-रणदीप सिंह सुरजेवाला, कांग्रेस प्रवक्ता