गुजरात के अहमदाबाद जेल में बंद बाहुबली अतीक अहमद की फिर बढ़ेंगी मुश्किलें, तीन साल पुराने मुकदमें खुलेंगे

0
18
उत्तर प्रदेश पुलिस ने विभिन्न कोर्टों से पूर्व सांसद और बाहुबली नेता अतीक अहमद के खिलाफ पुराने 14 मामलों में बयान दर्ज कर केस को कोर्ट में भेजने की अनुमति ली है. अब तीन साल पुराने मामलों में पुलिस अतीक का बयान दर्ज कर चार्जशीट पेश करेगी.

गुजरात के अहमदाबाद जेल में बंद बाहुबली और पूर्व सांसद अतीक अहमद की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं. भूमाफिया घोषित किये जा चुके अतीक अहमद की अवैध और बेनामी सम्पत्तियों की कुर्की और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के बाद अब उनके करीबियों के खिलाफ कार्रवाई तेज हो गई है. अब पुलिस ने बाहुबली अतीक अहमद के खिलाफ तीन साल से लंबित मुकदमों को आगे बढ़ाने के लिए कार्रवाई शुरू कर दी है. बाहुबली पूर्व सांसद अतीक अहमद के खिलाफ दर्ज 14 मुकदमों की विवेचनाएं लंबित हैं, जिनमें बाहुबली अतीक अहमद का पुलिस को बयान दर्ज करना था. इसके लिए पुलिस ने अलग-अलग कोर्टों से 13 मामलों में बयान दर्ज करने की अनुमति हासिल करने के बाद गुजरात के अहमदाबाद जेल पहुंची है, जहां पर प्रयागराज पुलिस ने 13 मामलों में अतीक अहमद का बयान भी दर्ज कर लिया है.

आईजी प्रयागराज रेंज केपी सिंह के मुताबिक अतीक अहमद के बयान दर्ज होने के बाद अब मुकदमों की विवेचनाओं में तेजी आएगी, जिसके बाद पुलिस कोर्ट में साक्ष्यों के आधार पर विवेचना पूरी कर चार्जशीट दाखिल करेगी और मुकदमों का जल्द ट्रायल भी शुरू हो सकेगा. आईजी के मुताबिक पुलिस की कोशिश रहेगी कि मुकदमों के ट्रायल में दौरान पुलिस ठोस साक्ष्य और गवाहों को खड़ा कर सके, जिससे दोषी पाये जाने पर कोर्ट से ज्यादा से ज्यादा सजा दिलाई जा सके.

वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए मुकदमों का ट्रायल

आईजी के मुताबिक जेल से ही वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए मुकदमों का ट्रायल कराया जायेगा, ताकि मुकदमों के निस्तारण में तेजी आए. आईजी के मुताबिक सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता अश्विनी उपाध्याय की ओर से दाखिल जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान भी सुप्रीम कोर्ट ने माननीयों से जुड़े मुकदमों के निस्तारण के लिए जल्द ट्रायल शुरू कराने का आदेश दिया है. साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने माननीयों से जुड़े मुकदमों का ट्रायल भी एक साल में पूरा करने का आदेश दिया है. आईजी के मुताबिक पुलिस सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुपालन में ही कार्य कर रही है. उन्होंने कहा है कि कोर्ट खुद भी सक्रिय है कि डे टू डे बेसिस पर मुकदमों का ट्रायल पूरा किया जाए. आईजी ने कहा है कि मुकदमों का ट्रायल शुरू होने पर गुजरात की जेल में अतीक अहमद के बंद होने से वीडियो कॉफ्रेंसिंग से ही मुकदमें का ट्रायल कराया जायेगा.

READ More...  कोरोना वायरस के राजस्थान में 17 पॉजिटिव मरीज, जनता कर्फ्यू में मेट्रो, मिनी बस और ऑटो रहेंगे बंद

इन मामलों में पुलिस ने बयान किया दर्ज

बता दें कि तीन साल से ज्यादा समय से बाहुबली अतीक अहमद के जेल में बंद होने के चलते पुलिस रिमांड नहीं बनवा पा रही थी, जिसके चलते पुलिस लगभग एक दर्जन मुकदमों में अतीक अहमद को आरोपी तक नहीं बना सकी थी. अतीक के खिलाफ अलकमा सुरजीत मर्डर केस, किसान यूनियन से जुड़े जितेन्द्र पाल हत्याकांड, सूरज कली और उसके बेटों की हत्या का मामला, देवरिया जेल में रियल स्टेट कारोबारी मोहित जायसवाल को अगवा कर पीटने का मामला, देवरिया जेल से धूमनगंज के प्रापर्टी डीलर मोहम्मद जैद को धमकाने का मामला, धूमनगंज में दर्ज गैंगस्टर का मुकदमा, असहले निरस्त होने के बाद जमा न करने को लेकर खुल्दाबाद थाने में दर्ज केस और जमीन सम्बन्धी धूमनगंज थाने में दर्ज दो मामलों में फिलहाल पुलिस ने बाहुबली अतीक अहमद का बयान दर्ज कर लिया है.

ये अधिकारी अतीक अहमद के बयान दर्ज करने पहुंचे

आईजी केपी सिंह के निर्देश पर ही एसएसपी सर्वश्रेष्ठ त्रिपाठी ने धूमनगंज इंस्पेक्टर अरुण चतुर्वेदी, कैंट इंस्पेक्टर नीरज वालिया, एसआई अनिल भगत, एसआई चंद्रिका यादव, एसआई रमेश सिंह और चन्द्र भानु को फ्लाइट से अहमदाबाद जेल अतीक अहमद का बयान दर्ज करने भेजा था. सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक बाहुबली अतीक अहमद ने सभी मामलों में पुलिस को गोलमोल जवाब देते हुए अदालत में अपना पक्ष रखने की बात कही है, लेकिन इसके बावजूद आईजी केपी सिंह का दावा है कि बाहुबली अतीक अहमद का बयान दर्ज करने के बाद उसके खिलाफ लम्बित मुकदमों में निश्चिततौर पर तेजी आयेगी.