कोरोना वायरस: चीन से एयर लिफ्ट कर भारतीयों को यहां लाया जाएगा, अलवर में बनाया आइसोलेशन सेंटर

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अलवर: कोरोना वायरस की चपेट में आए चीन से एयर लिफ्ट कर लाये जाने वाले भारतीय नागरिकों को अलवर जिले के ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज में आइसोलेशन सेंटर बनाकर रखा जाएगा. इसके लिए सभी तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया गया है. शुक्रवार को दिल्ली से आई उच्च स्तरीय टीम ने अलवर के ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज पहुंचकर व्यवस्थाओं को देखा. यहां 300 लोगों को निगरानी  में रखा जाएगा.

देशभर में अलवर सहित 3 सेंटर बनाये गए हैं
भारत सरकार ने चीन में रहने वाले भारतीयों को एयरलिफ्ट करके भारत लाने की योजना बनाई है. चीन से एयर लिफ्ट कर लाये जाने वाले भारतीयों के लिए देशभर में अलवर सहित 3 सेंटर बनाये गए हैं, जहां उन्हें चिकित्सकों की निगरानी में रखा जाएगा. ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज में लाए जाने वाले संदिग्ध लोगों को 14 दिनों तक निगरानी में रखा जाएगा. इस दौरान अगर उनमें कोरोना वायरस के लक्षण मिलते हैं तो उनका इलाज किया जाएगा. अन्यथा उन्हें घर जाने की अनुमति दे दी जाएगी.

300 लोगों के रखने की व्यवस्था की गई है

टीम ने ईएसआईसी अस्पताल का जायजा लिया और जरूरी निर्देश दिए. यहां अभी शुरुआत में 300 लोगों के रखने की व्यवस्था की गई है. दिल्ली से आई टीम में ईएसआईसी के महानिदेशक राजकुमार, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के सचिव हीरालाल सांवरिया और ईएसआईसी के मेडिकल कमिश्नर आरके कटारिया सहित बड़ी संख्या में अधिकारी मौजूद रहे. मेडिकल कमिश्नर ने कहा अलवर के ईएसआईसी अस्पताल को संचालित करने की जिम्मेदारी अब रीजनल डायरेक्टर को दी गई है. चीन से आने वाले भारतीयों को अलवर लाया जाएगा. अलवर के अलावा आईटीबीपी और आर्म्स फोर्स मेडिकल सर्विसेज में चीन से आने वाले सभी लोगों को रखने की व्यवस्था की गई है.

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करीब दो हजार के लोगों को एयर लिफ्ट करके भारत लाया जाएगा
मेडिकल कमिश्नर ने कहा कि चीन से करीब दो हजार लोगों को एयर लिफ्ट करके भारत लाया जाएगा. उनको दिल्ली हवाई अड्डे से सीधा इन जगहों पर भेजा जाएगा. इसके लिए अलवर के ईएसआईसी अस्पताल के 2 भवनों को चिन्हित किया गया है. इनमें 300 बेड की व्यवस्था की गई है. जरूरत पड़ने पर इनकी संख्या बढ़ाई जा सकती है. अलवर पहुंचे अधिकारियों ने सभी चीजों की पुख्ता पुष्टि करते हुए कहा कि 1 और 2 फरवरी से चीन से लोगों के आने की शुरुआत हो जाएगी.