जयपुर: वसुंधरा सरकार के 1059 फैसलों को गहलोत सरकार ने दी क्लीन चिट

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New Delhi: Senior Congress leader Ashok Gehlot addresses a press conference in New Delhi on Wednesday. (PTI Photo /Kamal Singh)(PTI5_23_2018_000052B)

जयपुर: पूर्ववर्ती वसुंधरा राजे सरकार द्वारा कार्यकाल के अंतिम 6 महीने में लिए गए निर्णयों की समीक्षा के लिए गठित कैबिनेट सब कमेटी ने 1059 फैसलों को सही माना है. सब कमेटी ने आठ मैराथन बैठकों के बाद वसुंधरा सरकार के मात्र 8 फैसलों को सही नहीं माना और उनको निरस्त कर दिया। कैबिनेट सब कमेटी ने वसुंधरा सरकार के अधिकांश फैसलों को क्लीन चिट दे दी है. इसके साथ ही कैबिनेट सब कमेटी ने अपना कामकाज भी पूरा कर दिया है. कैबिनेट सब कमेटी के अध्यक्ष यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल ने कहा कि कमेटी जल्द ही मुख्यमंत्री को अपनी रिपोर्ट सौंपेगी.

कुल 1067 प्रकरण कमेटी के सामने रखे गए थे
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शपथ ग्रहण करने के तुरंत बाद पूर्ववर्ती वसुंधरा राजे सरकार द्वारा अंतिम 6 महीने के भीतर लिए गए निर्णयों की समीक्षा के लिए यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल की अध्यक्षता में कैबिनेट सब कमेटी का गठन किया था. कमेटी में मंत्री डॉ. बीडी कल्ला, गोविंद डोटासरा और रमेश मीणा को शामिल किया गया था. एक साल से अधिक समय में कैबिनेट सब कमेटी ने 8 बैठकें की. इनमें कुल 1067 प्रकरण कमेटी के सामने रखे गए थे. उनमें से कमेटी ने 8 प्रकरण निरस्त कर दिए.

6 प्रकरणों में दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई के लिए लिखा गया है

कमेटी ने 6 प्रकरणों में दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई के लिए लिखा है. वहीं 30 विभाग ऐसे रहे जिनमें समीक्षा योग्य बिन्दु ही नहीं पाए गए. इन विभागों में पिछली सरकार के अंतिम छह माह में ऐसे कोई निर्णण नहीं लिए गए जिनमें कोई छूट दी गई हो. 21 विभागों के बिंदुओं की पूरी समीक्षा की गई. इसके अलावा 12 विभागों की सूचना तो मिली लेकिन समय की कमी के चलते कमेटी उन्हें देख नहीं पाई. जबकि 14 विभागों की सूचना मिली नहीं.

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अंतिम बैठक महज 5 मिनट में पूरी हो गई
पिछली सरकार के अंतिम 6 माह के फैसलों की समीक्षा के लिए गठित कैबिनेट सब कमेटी की बुधवार को सचिवालय में अंतिम बैठक हुई. यह बैठक महज 5 मिनट में समाप्त हो गई. सब कमेटी ने अपना काम पूरा बताते हुए शेष निर्णय मंत्रियों के स्तर पर किए जाने का फैसला सुना दिया.