मतदाताओं में दिखा उत्साह, जयपुर की 80 ग्राम पंचायतों में मिला गांव का नया मुखिया

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जयपुर जिले में ग्राम पंचायत चुनाव के दूसरे चरण में सांगानेर और गोविंदगढ़ की 80 ग्राम पंचायतों में सरपंच-वार्ड पंच चुनने के लिए मतदाताओं ने खूब उत्साह दिखाया.

जयपुर: घने कोहरे और सर्द हवाओं के बीच ग्रामीणों ने गांव की सरकार चुनी. लोकतंत्र की पहली सीढ़ी गांवों की सरकार के गठन को लेकर हुए मतदान में त्यौहार जैसा उत्साह देखा गया.

कड़ाके की ठंड के बाद भी ग्रामीण क्षेत्रों में सुबह से वोट देने के लिए मतदाताओं की भीड़ उमड़ पड़ी. जयपुर जिले की सांगानेर और गोविंदगढ़ की 80 ग्राम पंचायत में सर्दी के चलते सुबह 10 बजे तक 14% ने ही डाले वोट लेकिन धूप खिलते ही मतदान केंद्रों पर बढ़ी भीड़ ने शाम तक मतदान का आंकड़ा 82.78% पहुंचा दिया.

गांव की सरकार चुनने के लिए घना कोहरा और सर्द हवा भी ग्रामीण मतदाताओं को नहीं रोक पाई. इतना ही नहीं, 5 से 6 घंटे मतदान केंद्रों पर लंबी कतारों में अपने धैर्य का परिचय देकर ग्रामीण मतदाताओं ने अपने गांव के मुखिया को चुना. गांव में मतदान केंद्रों पर फर्स्ट टाइम वोटर से लेकर शतायु कर चुके बुजुर्ग मतदान करते हुए नजर आए. कोई अपने परिजनों के साथ मतदान केंद्र पर पहुंचा तो कोई व्हील चेयर पर अपना वोट कास्ट करने के लिए पोलिंग बूथ पहुंचा. तो किसी ने अपनी बुजुर्ग मां-दादी को गोद में बैठा कर मतदान केंद्र तक पहुंचाया और इस लोकतंत्र में अपनी हिस्सेदारी दर्ज कराई.

इतना ही नहीं, वॉलिंटियर्स की भी मतदान के दौरान अहम भूमिका रही, जिन्होंने विशेषयोग्यजनों और बुजुर्गों को मुख्य सड़क से मतदान केंद्र तक लाने में अपनी पूरी जिम्मेदारी निभाई. जयपुर जिले में ग्राम पंचायत चुनाव के दूसरे चरण में सांगानेर और गोविंदगढ़ की 80 ग्राम पंचायतों में सरपंच-वार्ड पंच चुनने के लिए मतदाताओं ने खूब उत्साह दिखाया और कुल 86.27 फ़ीसदी मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया.

जिला निर्वाचन विभाग के अनुसार सांगानेर में 87.71 फीसदी और गोविंदगढ़ में 85.48 फीसदी मतदान प्रतिशत रहा. सूर्य किरणों के साथ मतदाताओं का जोश देखने को मिला. सर्दी के बावजूद सुबह से मतदाताओं का मतदान केन्द्रों पर पहुंचना शुरू हो गया, हालांकि सुबह सर्दी के कारण मतदान की रफ्तार धीमी रही, लेकिन सुबह 10 बजे बाद हल्की धूप खिलने के साथ ही मतदान की गति में तेजी आई. यही कारण रहा कि सुबह 10 बजे तक मतदान का प्रतिशत 14 फीसदी को पार कर चुका था.

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धूप में तेजी के साथ ही मतदान की गति भी बढ़ती गई. शाम होते-होते प्रत्याशी मतदान से वंचित एक-एक वोट को घरों से निकाल मतदान केंद्र तक पहुंचाने में जुट गए. ज्यादातर मतदान केंद्रों पर मतदान शाम 5 बजे खत्म हो गया लेकिन कई मतदान केंद्रों पर शाम 5 बजे से पहले बड़ी संख्या में मतदाताओं के पहुंचने के कारण देर शाम तक भी उनके वोट डलवाए गए.

पंचायतीराज चुनाव में पहली बार मतदान कर निकले युवाओं मे अजब का जोश और उत्साह नजर आया. सांगानेर पंचायत समिति की कपूरावाला ग्राम पंचायत के मतदान केन्द्र में आशा बैरवा और ऊषा बैरवा आदि युवा मतदाता पहली बार बटन दबाकर फूले नहीं समा रहे थे. युवाओं में इस बात को लेकर खुशी दिखी कि पहली बार उन्हें भी अपनी पसंद का जनप्रतिनिधि चुनने का अवसर मिला है. पहली बार वोट कर रहे अधिकांश युवा सुबह नौ बजते बजते तो केन्द्रों पर आ डटे. कई मतदाता तो दिनभर अपनी स्याही लगी अंगुली परिजनों को दिखाते रहे.

इसी प्रकार बुजुर्गों में भी में भी मतदान के प्रति अपार उत्साह रहा. सांगानेर पंचायत समिति की मुहाना ग्राम पंचायत के मतदान केन्द्र में 97 वर्षीया लाडा देवी ने भी किया मतदान. सांगानेर पंचायत समिति की पंवालिया ग्राम पंचायत में मताधिकार का प्रयोग करने के बाद 90 वर्षीय गोपीराम अपने परिजनों के साथ पहुंचे.

नश्तर सी चुभने वाली सर्द हवाओं के बीच सिर पर गर्म टोपी औऱ मफलर ओढ़े बुजुर्ग, महिलाएं और युवा गांव की सरकार चुनने के लिए मतदान केंद्रों पर कतारबद्ध खड़े नजर आए. कहीं पोते के कंधे पर हाथ रखे बुजुर्ग वोट देने पहुंचे तो कहीं युवा अपनी बुजुर्ग मां और दादी अम्मा को गोद में लिए वोट दिलाने के लिए मतदान केंद्र की ओर आगे बढ़ते दिखे.